न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 09 Jun 2020 06:38 AM IST

ख़बर सुनें

विदेशों में फंसे भारतीयों को वापस लाने की मुहिम के तहत नौसेना ने अपने युद्धपोत आईएनएस शार्दुल को तैनात किया है। इस युद्धपोत के जरिए ईरान के बंदर अब्बास बंदरगाह से भारतीयों को गुजरात के पोरबंदर बंदरगाह लाया जाएगा। नौसेना ने कहा कि ईरान स्थित भारतीय दूतावास भारतीय नागरिकों की सूची तैयार कर रहा है।

नौसेना ने कहा कि युद्धपोत पर कोविड-19 संबंधी सामाजिक दूरी के नियमों का पूरी तरह से पालन किया जाएगा और पोत को लोगों को निकालने के हिसाब से तैयार किया गया है। पोत पर मेडिकल स्टाफ, डॉक्टर, मेडिकल स्टोर, राशन और पीपीई, फेस मास्क और अन्य उपकरणों की भी व्यवस्था की गई है।

नौसेना ने 8 मई को ऑपरेशन समुद्र सेतु शुरू किया था। इसके तहत आईएनएस जलश्व और आईएनएस मगर से मालदीव और श्रीलंका से 2874 भारतीयों को वापस लाया जा चुका है।

विदेशों में फंसे भारतीयों को वापस लाने की मुहिम के तहत नौसेना ने अपने युद्धपोत आईएनएस शार्दुल को तैनात किया है। इस युद्धपोत के जरिए ईरान के बंदर अब्बास बंदरगाह से भारतीयों को गुजरात के पोरबंदर बंदरगाह लाया जाएगा। नौसेना ने कहा कि ईरान स्थित भारतीय दूतावास भारतीय नागरिकों की सूची तैयार कर रहा है।

नौसेना ने कहा कि युद्धपोत पर कोविड-19 संबंधी सामाजिक दूरी के नियमों का पूरी तरह से पालन किया जाएगा और पोत को लोगों को निकालने के हिसाब से तैयार किया गया है। पोत पर मेडिकल स्टाफ, डॉक्टर, मेडिकल स्टोर, राशन और पीपीई, फेस मास्क और अन्य उपकरणों की भी व्यवस्था की गई है।

नौसेना ने 8 मई को ऑपरेशन समुद्र सेतु शुरू किया था। इसके तहत आईएनएस जलश्व और आईएनएस मगर से मालदीव और श्रीलंका से 2874 भारतीयों को वापस लाया जा चुका है।

.



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You missed