वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, लंदन
Updated Mon, 11 मई 2020 10:22 AM IST

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पंजाब नेशनल बैंक को करोड़ों रुपये का चूना लगाने वाले भगोड़े हीरा व्यवसाय नीरव मोदी के प्रत्यर्पण पर सोमवार को ब्रिटेन की एक अदालत में सुनवाई होगी। नीरव के खिलाफ धोखाधड़ी और मानव लॉन्ड्रिंग के तहत मामला दर्ज किया गया है। उसे ट्रायल के लिए यूके की अदालत में पेश किया जाएगा।
49 साल का व्यवसाय पिछले साल मार्च में गिरफ्तार होने के बाद से दक्षिण-पश्चिम लंदन में स्थित वैंड्सवर्थ जेल में बंद है। माना जा रहा है कि उसे लंदन के वेस्टमिनस्टर मैजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया जाएगा। हालांकि सामाजिक दूरी के नियमों के मद्देनजर जिला न्यायाधीश सैमुअल गूजी उसे वीडियो नंबर के जरिए पेश होने को कह सकते हैं।

जज गूजी ने 28 अप्रैल को हुई रिमांड ट्रायल के दौरान कहा था कि कुछ जेलें व्यक्तिगत रूप से कैदियों को पेश कर रही हैं। मैं वैंड्सवर्थ जेल को निर्देश देता हूं कि वे 11 अप्रैल के ट्रायल में नीरव को व्यक्तिगत रूप से पेश करें। यदि ऐसा नहीं हो पाता है तो उसे लाइन नंबर के जरिए पेश किया जाएगा।

भारत सरकार ने पिछले साल ब्रिटेन सरकार से नीरव मोदी के प्रत्यर्पण का अनुरोध किया था। जिसके लिए सोमवार को पांच दिनों की सुनवाई शुरू हो रही है। यह मामला केंद्रीय जांच ब्यूरो और प्रवर्तन निदेशालय द्वारा दायर किया गया है और एक भारतीय पीएयूयू से बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी से संबंधित है।

पंजाब नेशनल बैंक को करोड़ों रुपये का चूना लगाने वाले भगोड़े हीरा व्यवसाय नीरव मोदी के प्रत्यर्पण पर सोमवार को ब्रिटेन की एक अदालत में सुनवाई होगी। नीरव के खिलाफ धोखाधड़ी और मानव लॉन्ड्रिंग के तहत मामला दर्ज किया गया है। उसे ट्रायल के लिए यूके की अदालत में पेश किया जाएगा।

49 साल का व्यवसाय पिछले साल मार्च में गिरफ्तार होने के बाद से दक्षिण-पश्चिम लंदन में स्थित वैंड्सवर्थ जेल में बंद है। माना जा रहा है कि उसे लंदन के वेस्टमिनस्टर मैजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया जाएगा। हालांकि सामाजिक दूरी के नियमों के मद्देनजर जिला न्यायाधीश सैमुअल गूजी उसे वीडियो नंबर के जरिए पेश होने को कह सकते हैं।

जज गूजी ने 28 अप्रैल को हुई रिमांड ट्रायल के दौरान कहा था कि कुछ जेलें व्यक्तिगत रूप से कैदियों को पेश कर रही हैं। मैं वैंड्सवर्थ जेल को निर्देश देता हूं कि वे 11 अप्रैल के ट्रायल में नीरव को व्यक्तिगत रूप से पेश करें। यदि ऐसा नहीं हो पाता है तो उसे लाइन नंबर के जरिए पेश किया जाएगा।

भारत सरकार ने पिछले साल ब्रिटेन सरकार से नीरव मोदी के प्रत्यर्पण का अनुरोध किया था। जिसके लिए सोमवार को पांच दिनों की सुनवाई शुरू हो रही है। यह मामला केंद्रीय जांच ब्यूरो और प्रवर्तन निदेशालय द्वारा दायर किया गया है और एक भारतीय पीएयूयू से बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी से संबंधित है।





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