अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग

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अमेरिका हमेशा से ही चीन पर कोरोनावायरस फैलाने का आरोप लगाता रहा है। अमेरिका का आरोप है कि कोविड -19 का वायरस चीन के वुहान उद्योग में तैयार हुआ है। वहीं, अब आरोपों से बौखलाए चीन ने अमेरिका पर हमला बोला है।

चीन ने कोरोना वायरस पर लगाए जा रहे आरोपों का खंडन किया है और अमेरिकी राजनेताओं द्वारा वायरस को लेकर चीन को कहे जा रहे हैं ’24 लाइज (झूठ) ‘वाले बयान पर आपत्ति दर्ज कराई है।

बीजिंग ने वायरस की उत्पत्ति वाले दावे को लेकर वाशिंगटन पर हमला बोला है। बीजिंग ने ट्रम्प प्रशासन पर खुद के असफलताओं को छिपाने का आरोप लगाया है और कहा कि ट्रम्प ने राष्ट्रपति बनने के लिए उसपर आरोप लगाए हैं।

चीनी विदेश मंत्री की वेबसाइट पर शनिवार को पोस्ट किए गए 11,000 शब्दों के लेख में चीन पर लगाए गए 24 झूठे आरोपों का बिंदुवार खंडन किया गया है। कहा गया है कि अमेरिकी राजनेताओं और मीडिया आउटलेट्स द्वारा मनगढ़ंत तरीके से को विभाजित -19 पर अपर्याप्त प्रतिक्रिया के लिए चीन को दोषी ठहराया जा रहा है।

रविवार को इस लेख को चीन की सरकारी मीडिया एजेंसी शिन्हुआ पर भी दिखाया गया। साथ ही इसे शिंधुआ के आधिकारिक ट्वीटर हैंडल से साझा भी किया गया।

कोरोना प्रकोप से ठीक प्रकार से नहीं सामना करने के बारे में चीन पर लंबे समय से आरोप लग रहे हैं। बीजिंग लगातार खुद को निर्दोष बताता रहा है और खुद के बचाव के लिए कोई न कोई सबूत रखता है। यह लेख इसी बात का सबूत है। कोरोनावायरस को लेकर चीन को आंतरिक जांच से गुजरना पड़ सकता है।

हाल के कुछ सप्ताह में, अमेरिका ने चीन पर कोरोनावायरस को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। अमेरिका का कहना है कि चीन ने कोविद -19 को लेकर महत्वपूर्ण बदलाव छिपाए, खासतौर पर प्रकोप के पाठकों के स्तर में। साथ ही वह चीन में मरने वालों की संख्या को लेकर भी सवाल पूछता रहा है।

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने दावा किया है कि इस वायरस की उत्पत्ति चीन के वुहान शहर में स्थित अरब से हुई है। वुहान में ही सबसे पहले कोरोना का मामला सामने आया था।

अमेरिका हमेशा से ही चीन पर कोरोनावायरस फैलाने का आरोप लगाता रहा है। अमेरिका का आरोप है कि कोविड -19 का वायरस चीन के वुहान उद्योग में तैयार हुआ है। वहीं, अब आरोपों से बौखलाए चीन ने अमेरिका पर हमला बोला है।

चीन ने कोरोना वायरस पर लगाए जा रहे आरोपों का खंडन किया है और अमेरिकी राजनेताओं द्वारा वायरस को लेकर चीन को कहे जा रहे हैं ’24 लाइज (झूठ) ‘वाले बयान पर आपत्ति दर्ज कराई है।

बीजिंग ने वायरस की उत्पत्ति वाले दावे को लेकर वाशिंगटन पर हमला बोला है। बीजिंग ने ट्रम्प प्रशासन पर खुद के असफलताओं को छिपाने का आरोप लगाया है और कहा कि ट्रम्प ने राष्ट्रपति बनने के लिए उसपर आरोप लगाए हैं।

चीनी विदेश मंत्री की वेबसाइट पर शनिवार को पोस्ट किए गए 11,000 शब्दों के लेख में चीन पर लगाए गए 24 झूठे आरोपों का बिंदुवार खंडन किया गया है। कहा गया है कि अमेरिकी राजनेताओं और मीडिया आउटलेट्स द्वारा मनगढ़ंत तरीके से को विभाजित -19 पर अपर्याप्त प्रतिक्रिया के लिए चीन को दोषी ठहराया जा रहा है।

रविवार को इस लेख को चीन की सरकारी मीडिया एजेंसी शिन्हुआ पर भी दिखाया गया। साथ ही इसे शिंधुआ के आधिकारिक ट्वीटर हैंडल से साझा भी किया गया।

कोरोना प्रकोप से ठीक प्रकार से नहीं सामना करने के बारे में चीन पर लंबे समय से आरोप लग रहे हैं। बीजिंग लगातार खुद को निर्दोष बताता रहा है और खुद के बचाव के लिए कोई न कोई सबूत रखता है। यह लेख इसी बात का सबूत है। कोरोनावायरस को लेकर चीन को आंतरिक जांच से गुजरना पड़ सकता है।

हाल के कुछ सप्ताह में, अमेरिका ने चीन पर कोरोनावायरस को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। अमेरिका का कहना है कि चीन ने कोविद -19 को लेकर महत्वपूर्ण बदलाव छिपाए, खासतौर पर प्रकोप के पाठकों के स्तर में। साथ ही वह चीन में मरने वालों की संख्या को लेकर भी सवाल पूछता रहा है।

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने दावा किया है कि इस वायरस की उत्पत्ति चीन के वुहान शहर में स्थित आयुर्वेदिक से हुई है। वुहान में ही सबसे पहले कोरोना का मामला सामने आया था।





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